यूपी बजट 2019: यूपी सरकार का सबसे बड़ा 4.79 लाख करोड़ का बजट – पूर्वांचल से बुंदेलखंड तक खोला सौगातों का पिटारा

योगी सरकार ने विधानसभा में गुरुवार को यूपी के इतिहास का सबसे बड़ा बजट पेश किया। आम चुनाव से पहले आए इस बजट में पूर्वांचल से लेकर बुंदेलखंड तक के लिए कई योजनाओं का ऐलान किया गया है। 4.79 लाख करोड़ के भारी-भरकम बजट में 21,212 करोड़ की नई योजनाओं का ऐलान हुआ है। यह बजट वर्ष 2018-2019 के बजट के मुकाबले 12 प्रतिशत अधिक है।
वित्तमंत्री राजेश अग्रवाल ने कहा कि हमारी सरकार सबका साथ सबका विकास के वादे के साथ काम कर रही है। हम भ्रष्टाचार पर कोई समझौता नहीं करेंगे। उन्होंने वंदे मातरम् कहकर अपना भाषण खत्म किया।

  • यूपी के बजट में पूर्वांचल से बुंदेलखंड तक सौगातों की बारिश
  • पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे के लिए 1194 करोड़, गोरखपुर में मेट्रो
  • बुंदेलखंड में पाइप पेयजल परियोजना के लिए 3,000 करोड़
  • ग्रेटर नोएडा के जेवर एयरपोर्ट के लिए 800 करोड़ प्रस्तावित

यूपी की योगी आदित्यनाथ सरकार ने वित्तीय वर्ष 2019-20 का बजट विधानसभा में पेश किया। आम चुनाव से पहले आए यूपी के इस बजट में पूर्वांचल से लेकर बुंदेलखंड तक के लिए कई योजनाओं का ऐलान किया गया है। 4.79 लाख करोड़ के भारी-भरकम बजट में 21,212 करोड़ की नई योजनाओं का ऐलान हुआ है। बजट में पूर्वांचल के दो बड़े शहरों गोरखपुर और वाराणसी में मेट्रो के लिए घोषणाएं की गईं, वहीं बुंदेलखंड का सबसे बड़ा केंद्र माने जाने वाले झांसी शहर में भी मेट्रो के लिए बजट आवंटित हुआ है। इसके साथ ही लखनऊ के लिए भी योगी सरकार के बजट में कई सौगातें दी हैं।

Lucknow: Uttar Pradesh Chief Minister Yogi Adityanath and Finance Minister Rajesh Agarwal with the budget briefcase. The state finance minster will table the budget today in UP Assembly. pic.twitter.com/PsiCOtcVnL— ANI UP (@ANINewsUP) 7 February 2019

यूपी सरकार ने गुरुवार को पेश बजट में कानपुर, आगरा, वाराणसी, गोरखपुर, प्रयागराज सहित सात जिलों को मेट्रो रेल का तोहफा दिया है। वित्त मंत्री राजेश अग्रवाल ने गुरुवार को विधानसभा में वित्त वर्ष 2019-20 के लिए बजट पेश किया। बजट में कानपुर और आगरा मेट्रो रेल परियोजनायों के लिए 175-175 करोड़ रुपये प्रस्ताव किया गया है। बजट में वाराणसी, मेरठ, गोरखपुर, प्रयागराज एवं झांसी में मेट्रो रेल परियोजनाओं के प्रारंभिक कार्यों के लिए 150 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। इसके अलावा दिल्ली-गाजियाबाद-मेरठ कॉरीडोर ‘रीजनल रैपिड ट्रांजिट सिस्टम’ परियोजना के लिए 400 करोड़ रुपये की व्यवस्था प्रस्तावित है।

पूर्वांचल
पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे के लिए 1194 करोड़, गोरखपुर लिंक एक्सप्रेस-वे के लिए 1,000 करोड़ रुपये।
पावरलूम बुनकरों को रियायती दर पर बिजली मुहैया कराने के लिए 150 करोड़ का बजट।
यूपी हैंडलूम, पावरलूम, सिल्क, टेक्स्टाइल्स ऐंड गारमेंट पॉलिसी के तहत 50 करोड़।
विशेष क्षेत्र कार्यक्रम के तहत पूर्वांचल की विशेष योजनाओं के लिए 300 करोड़।
वाराणसी, प्रयागराज और गोरखपुर में मेट्रो प्रॉजेक्ट के शुरुआती कार्य के लिए 150-150 करोड़ का इंतजाम।
इलाहाबाद हाई कोर्ट में मल्टि लेवल पार्किंग के लिए 150 करोड़ का इंतजाम।
वाराणसी में लहर तारा तालाब कबीर स्थल एवं गुरु रविदास की जन्मस्थली सीर गोवर्धनपुर का सुदृढ़ीकरण किया जाना प्रस्तावित।
वनटांगिया ग्रामों में प्राथमिक एवं उच्च प्राथमिक विद्यालयों की स्थापना हेतु 5 करोड़ की व्यवस्था।
दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय में गुरु श्री गोरक्षनाथ शोध पीठ के लिए 63 लाख की व्यवस्था।
संपूर्णानंद संस्कृत विश्वविद्यालय वाराणसी के लिए 21 करोड़ 51 लाख का इंतजाम।
मिर्जापुर में इंजिनियरिंग कॉलेज की स्थापना के लिए 8 करोड़।
काशी विश्वनाथ कॉरिडोर के तहत गंगा तट से विश्वनाथ मंदिर तक सौन्दर्यीकरण के लिए 207 करोड़।
काशी हिन्दू विश्वविद्यालय (बीएचयू) में वैदिक विज्ञान केन्द्र की स्थापना हेतु 16 करोड़ रुपये।
प्रयागराज में ऋषि भारद्वाज आश्रम और श्रृंगवेरपुर धाम का विकास किया जाना प्रस्तावित।
चंदौली की कनहर सिंचाई परियोजना के लिए 500 करोड़ रुपये की बजट व्यवस्था।
मिर्जापुर की बाणसागर परियोजना के लिए 122 करोड़ रुपये की व्यवस्था प्रस्तावित।

बजट पेश होने के बाद तिलक हाल में प्रेस वार्ता। देखिये :- https://t.co/teuiCVXNEB— Yogi Adityanath (@myogiadityanath) 7 February 2019

बुंदेलखंड
बुंदेलखंड, विंध्य क्षेत्र और पानी के संकट से जूझ रहे गांवों में पाइप पेयजल योजना के लिए 3,000 करोड़ रुपये प्रस्तावित।
बुंदेलखंड एक्सप्रेस-वे के लिए 1,000 करोड़ रुपये, डिफेंस कॉरिडोर विकसित करने के लिए जमीन अधिग्रहण में 500 करोड़ रुपये का बजट।
विशेष क्षेत्र कार्यक्रम के तहत विशेष योजनाओं के लिए 200 करोड़ के बजट की व्यवस्था।
झांसी में मेट्रो रेल परियोजना के शुरुआती कार्य के लिए 150 करोड़ रुपये का इंतजाम।
बुंदेलखंड की विशेष योजनाओं के लिए 2019-20 में 810 करोड़ रुपये प्रस्तावित।

लखनऊ
किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (केजीएमयू) लखनऊ के लिए 907 करोड़ रुपये का बजट।
संजय गांधी पीजीआई में अलग-अलग कार्यों के लिए 854 करोड़ रुपये।
डॉ राम मनोहर लोहिया संस्थान के लिए 396 करोड़ रुपये का प्रस्ताव।
कैंसर संस्थान लखनऊ के विस्तार और विकास के लिए 248 करोड़ रुपये प्रस्तावित।
माननीय अटल बिहारी वाजपेयी चिकित्सा विश्वविद्यालय लखनऊ की स्थापना के लिए 50 करोड़।
लखनऊ विश्वविद्यालय लखनऊ में अटल सुशासन पीठ स्थापना हेतु 2 करोड़ रुपये।
आगरा-लखनऊ प्रवेश नियंत्रित 6 लेन एक्सप्रेस-वे (ग्रीनफील्ड) प्रॉजेक्ट के लिए 100 करोड़।
भारतीय सूचना प्रौद्योगिकी संस्थान, लखनऊ की स्थापना के लिए 10 करोड़ की व्यवस्था।
बिजली पासी के किले का विकास प्रस्तावित।

मथुरा
ब्रज तीर्थ में सुविधाओं के लिए 125 करोड़ रुपये का बजट प्रस्तावित।
नई डेयरी की स्थापना के लिए 56 करोड़ रुपये की बजट व्यवस्था।
मथुरा-वृन्दावन के बीच ऑडिटोरियम के निर्माण के लिए 8.38 करोड़।
वृंदावन शोध संस्थान के लिए 1 करोड़ रुपये की व्यवस्था प्रस्तावित।

अयोध्या
अयोध्या में एयरपोर्ट के लिए इस साल के बजट से 200 करोड़ प्रस्तावित।
अयोध्या के पर्यटन स्थलों के विकास के लिए 101 करोड़ का बजट प्रस्ताव।

एनसीआर/नोएडा
ग्रेटर नोएडा के जेवर में बन रहे एयरपोर्ट के लिए 800 करोड़ का बजट।
दिल्ली-गाजियाबाद-मेरठ कॉरिडोर रीजनल रैपिड ट्रांजिट सिस्टम प्रॉजेक्ट के लिए 400 करोड़।

कानपुर
मेट्रो रेल प्रॉजेक्ट के शुरुआती काम के लिए 175 करोड़ रुपये का बजट आवंटित।
माननीय अटल बिहारी वाजपेयी की स्मृति में डीएवी कॉलेज, कानपुर में सेन्टर ऑफ एक्सिलेन्स की स्थापना हेतु 5 करोड़ रुपये की व्यवस्था।
हरकोर्ट बटलर प्रौद्योगिक विश्वविद्यालय (HBTU), कानपुर के लिए 11 करोड़।

Source: https://navbharattimes.indiatimes.com/metro/lucknow/other-news/up-budget-2019-know-the-provisions-for-bundelkhand-varanasi-gorakhpur-lucknow-noida-and-kanpur/articleshow/67881483.cms


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